खांसी की आयुर्वेदिक दवा पतंजलि | Khansi ki Ayurvedic Dawa Patanjali

खांसी की आयुर्वेदिक दवा पतंजलि – Khansi Ki Ayurvedic Dawa Patanjali

मौसम के बदलने के कारण खांसी की समस्या का होना आम हैं। खांसी की समस्या बच्चों से लेकर बड़े बुजुर्गों किसी को भी हो सकती हैं। बदलते मौसम के अलावा भी खांसी होने के ओर भी कई कारण हो सकते हैं। अधिक खांसी होने के कारण कभी कभी गले में खराश व सर में दर्द भी हो सकता हैं।

अक्सर लोग खांसी होने पर घेरलू इलाज को सबसे पहले अपनाते हैं। जब खांसी के घेरलू इलाज काम नहीं करते हैं। तब लोग खांसी की दवा व खांसी की आयुर्वेदिक दवा तलाश करने लगते हैं। खांसी की आयुर्वेदिक दवा पतंजलि द्वारा भी बनाई जाती हैं।

खांसी की आयुर्वेदिक दवा पतंजलि एक बहुत अच्छी दवा हैं। जो आपके लिए काफी फायदेमंद साबित हो सकती हैं। खांसी की दवा पतंजलि अलग-अलग तरह की खांसी के हिसाब से अलग-अलग बनाई गयी हैं। जैसे – सूखी खांसी की दवा पतंजलिसर्दी खांसी की दवा पतंजलि और पुरानी खांसी की आयुर्वेदिक दवा पतंजलि।

अगर आपको खांसी की समस्या हैं और खांसी के घेरलू इलाज करने के बाद भी खांसी नहीं जा रही हैं, तो आप एक बार खांसी की आयुर्वेदिक दवा पतंजलि को इस्तेमाल करके देखे। खांसी की दवा पतंजलि आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकती हैं।

 

खांसी की दवा पतंजलि – Khansi ki Ayurvedic Dawa Patanjali

खांसी की आयुर्वेदिक दवा पतंजलि खांसी को जड़ से ख़तम करने के गुण रखती हैं। अगर आपको खांसी की प्रॉब्लम से छुटकारा पाना हैं, तो आप यहाँ पर बताई गयी। खांसी की दवा पतंजलि का इस्तेमाल कर सकते हैं। तो आइये जानते हैं आखिर कौन सी हैं वो खांसी की आयुर्वेदिक दवा पतंजलि।

 

खांसी की दवा पतंजलि दिव्य श्वासारि प्रवाही – Khansi Ki Dawa Patanjali Divya Swasari Pravahi

खांसी की दवा पतंजलि दिव्य श्वासारि प्रवाही एक आयुर्वेदिक सिरप हैं। जिसे बनाने के लिए बहुत सारी जड़ी-बूटियों का इस्तेमाल किया गया हैं।

इसका उपयोग फेफड़ों की कार्यक्षमता को बहेतर बनाने के लिए किया जाता हैं। यह खांसी, सर्दी, सांस फूलना, गले में खुजली और नाक बंद होने जैसे समस्याओं के इलाज में किया जाता हैं। इसके अलावा सांस लेने में होने वाली समस्या व श्वसन तंत्र की मांसपेशियों को आराम देता हैं।

यह दमा के हमलों को रोकने में मदद करता है। यह आपके इम्यून सिस्टम को मजबूत बनता हैं और यह खांसी जुखाम करने वाले संक्रमण से बखूबी लड़ता हैं।

पतंजलि दिव्य श्वासारि प्रवाही में विभिन्न आयुर्वेदिक जड़ी-बूटियाँ शामिल हैं जैसे काली मिर्च, भृंगराज, तेजपात्रा, सोंठ, लवंग, दालचीनी, मुलेठी, छोटी पीपल और तुलसी।

 

खांसी की दवा पतंजलि श्वासारि रस – Khansi Ki Dawa Patanjali Divya Swasari Ras

दिव्य श्वासारि रस फेफड़ों की सभी प्रकार की समस्याओं के लिए एक हर्बल फार्मूला है। इसके शरीर के स्वस्थ के लिए बहुत सारे लाभ हैं जैसे, खांसी समस्या का इलाज और दर्द और संक्रमण से राहत, और अंगों को शक्ति प्रदान करना, ऑक्सीजन की आपूर्ति को नियंत्रित करना, अन्य रोगाणुओं से रक्षा करना आदि।

  • इस प्राकृतिक उत्पाद में अस्थमा के घरेलू उपचार के गुण पाए जाते हैं। जिसमे फेफड़ों की पूरी देखभाल और इलाज शामिल है। दिव्य श्वासारि रस के कुछ सामान्य लाभ हैं।
  • यह ब्रोंची से सभी प्रकार के माइक्रोबियल संक्रमण को दूर करने में मदद करता है।
  • सामान्य सर्दी और फ्लू के मामले में फायदेमंद साबित होता है।
  • यह दवा विंड पाइप और फेफड़ों के आसपास के क्षेत्रों को साफ करती हैं।
  • यह जड़ी बूटी विभिन्न मौसमी परिवर्तनों और माइक्रोबियल संक्रमणों का सामना करने के लिए फेफड़ों को शक्ति प्रदान करती है।
  • यह साइनसाइटिस के मामले में अनुशंसित सही दवा है।
  • यह तीव्र अस्थमा और तपेदिक के मामले में भी फायदेमंद होता है।
  • यह फेफड़ों में जमे बलगम को बाहर निकालता है।

 

खांसी की दवा पतंजलि दिव्य लवंगादि वटी – Khansi Ki Dawa Patanjali Divya Lavangadi Vati

लवंगादि वटी एक बहुत ही गुणी औषधि है। लवंगादि वटी का उपयोग खांसी, सिर दर्द, मुंह के छाले और सांसों के रोग के इलाज में किया जाता हैं।

लवंगादि वटी पतंजलि खांसी की दवा एक उत्तम दवा है। यह सूखी तथा गीली खांसी दोनों ही प्रकार की खाँसी में लाभ पहुंचाती है। यह पतंजलि द्वारा खांसी सम्बन्धी रोग के उपचारों के लिए दी जाने वाली सबसे महत्वपूर्ण खांसी की दवाइयों में से एक है।

आयुर्वेदिक खांसी की दवा पतंजलि दिव्य लवंगादि वटी को बनाने के लिए कई सारी जड़ी-बूटियों का इस्तेमाल किया गया हैं। जिसमे शामिल हैं  लवंग फूल, मरिच फल, अक्षफल फली, खदिरसार, बब्बूल कषाय।

 

खांसी की  दवा पतंजलि श्वासारि क्वाथ – Khansi Ki Ayurvedic Dawa Patanjali Patanjali Swasari Kwath

पतंजलि श्वासारि क्वाथ सर्दी, खांसी के रोग के लिए एक उपयुक्त आयुर्वेदिक दवा है। वासा, मुलेठी, तुलसी, कटेली, सोंठ, पिप्पल और ऐसी ही अन्य जड़ी-बूटियां श्वसन तंत्र के लिए लाभकारी होती हैं।

खांसी की आयुर्वेदिक दवा पतंजलि श्वासारि क्वाथ फेफड़ों का इलाज करता है और श्वसन तंत्र को अधिक कुशल बनाता है, फेफड़ों में जमी चिकनी को हटाता हैं व मांसपेशियों को पुन: सक्रिय करता है, बलगम को साफ करता है और फेफड़ों में खांसी के गठन को रोकता है।

विभिन्न सूक्ष्मजीवों के कारण होने वाले संक्रमण से बाखूबी लड़ता हैं और सामान्य सर्दी और खांसी को रोकने में मदद करता हैं। इतना ही नहीं यह अस्थमा, साइनसाइटिस, तपेदिक और पुरानी खांसी से होने वाली एलर्जी को दूर करता है।

खांसी की आयुर्वेदिक दवा पतंजलि श्वासारि क्वाथ को बनाने के लिए अलग-अलग जड़ी-बूटियों का इस्तेमाल किया गया हैं। जिसमे शामिल हैं – मुलेठी, कटेली छोटी, काला अदुसा, सफेद वासा, बनफ्सा, देश तुलसी, छोटी पीपल शामिल हैं। साथ ही दलचीनी, लौंग, सौंथ, तेजपाटा, भ्रानराज, लिसोडा, और अमलतास सक्रिय सामग्री के रूप में।

 

खांसी की दवा पतंजलि श्वासारि वटी – Khansi Ki Dawa Patanjali Swasari Vati

पतंजलि स्वरसारी वटी सर्दी, खांसी और ऐसे ही अन्य रोगों के इलाज के लिए एक कारगार दवा हैं। इसमें उपयोग की जाने वाली आयुर्वेदिक जड़ी-बूटियों में सर्दी, खांसी से लड़ने वाले गुण पाए जाते हैं।

खांसी की दवा पतंजलि श्वासारि वटी एक आयुर्वेदिक औषधि हैं। जिसे बनाने के लिए इन सभी आयुर्वेदिक जड़ी-बूटियों का इस्तेमाल किया गया हैं जिसमे शामिल हैं मुलेठी, कुष्ठ, दालचीनी, सुखैला, तेजपत्ता, नागकेशर, फूलप्रियंगु, नीलोत्पल, गिलोय, लवंग, हरीतकी, विभीतकी, आमलकी, अभ्रक भस्म, लोहा भस्म, भृंगराज स्वर, अर्जुन क्वाथ, जावा क्वाथ, मकोया स्वर, गुंजा जड़।

इसे पढ़ेंखून साफ करने की आयुर्वेदिक दवा

 

निष्कर्ष – The Conclusion

खांसी की समस्या एक आम बात हैं। जो किसी को भी हो सकती हैं खांसी के लिए कई सारे इलाज भी मौजूद हैं। आप खांसी के इलाज के लिए यहाँ बताई गयी। खांसी की आयुर्वेदिक दवा पतंजलि का इस्तेमाल कर सकते हैं, जोकि बिलकुल सुरक्षित हैं। लेकिन अगर आपको इनके सेवन से किसी भी तरह का साइड इफ़ेक्ट देखने को मिलता हैं, तो आप इनका सेवन तुरंत बंद कर दे। हालाँकि ऐसा कुछ होगा नहीं।

Share

2 thoughts on “खांसी की आयुर्वेदिक दवा पतंजलि | Khansi ki Ayurvedic Dawa Patanjali”

Leave a Comment